Monday, June 22, 2026

ILSKCOM–2026 का NMIMS, शिरपुर परिसर में सफलतापूर्वक समापन



शिरपुर, जून 2026:
एसवीकेएम के नरसी मोनजी इंस्टीट्यूट ऑफ मैनेजमेंट स्टडीज़ (एनएमआईएमएस), डीम्ड-टू-बी यूनिवर्सिटी, शिरपुर परिसर ने केंद्रीय पुस्तकालय तथा खोन केन विश्वविद्यालय, थाईलैंड के सहयोग से 12–13 जून 2026 को International Library Symposium on Knowledge and Communication (ILSKCOM–2026) का सफल आयोजन किया।
“Transforming Knowledge Frontiers: Artificial Intelligence (AI) and Open Access (OA) for Sustainable Library Development” विषय पर आधारित इस दो दिवसीय संगोष्ठी में भारत एवं विदेशों से पुस्तकालय एवं सूचना विज्ञान विशेषज्ञों, शिक्षाविदों, शोधकर्ताओं, नीति-निर्माताओं तथा उद्योग जगत के प्रतिनिधियों ने भाग लिया। इस मंच ने ज्ञान-विनिमय, अकादमिक संवाद तथा अंतरराष्ट्रीय सहयोग को बढ़ावा दिया।
संगोष्ठी में भारत एवं विदेशों के प्रतिष्ठित विशेषज्ञों की उल्लेखनीय भागीदारी रही। कार्यक्रम को अत्यंत उत्साहजनक प्रतिसाद प्राप्त हुआ, जिसमें कुल 305 प्रतिनिधियों ने सहभागिता की तथा 135 शोध-पत्र प्रस्तुत किए गए। तकनीकी सत्रों में Artificial Intelligence (AI), Open Access (OA), Digital Transformation, Knowledge Management, Library Innovation एवं Sustainable Development जैसे विषयों पर व्यापक चर्चा हुई।
संगोष्ठी का उद्घाटन विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (यूजीसी) के पूर्व अध्यक्ष एवं उपाध्यक्ष प्रो. डॉ. वी. एन. राजशेखरन पिल्लई द्वारा किया गया। अपने संबोधन में उन्होंने एआई के युग में पुस्तकालयों की बदलती भूमिका पर प्रकाश डालते हुए उन्हें विश्वसनीय ज्ञान संस्थानों के रूप में रेखांकित किया तथा नैतिकता, मानवीय बुद्धिमत्ता और सामुदायिक ज्ञान के महत्व को विशेष रूप से रेखांकित किया।
मुख्य वक्तव्य प्रो. डॉ. महेंद्र प्रताप सिंह द्वारा प्रस्तुत किया गया। उन्होंने पुस्तकालय सेवाओं पर AI एवं Open Access के परिवर्तनकारी प्रभावों पर चर्चा की तथा उभरती प्रौद्योगिकियों को जिम्मेदारीपूर्वक अपनाने के साथ-साथ पुस्तकालयों की मानवीय और सामाजिक भूमिका को बनाए रखने की आवश्यकता पर बल दिया।
इस अवसर पर डॉ. सुनीता पाटिल, निदेशक, एसवीकेएम एनएमआईएमएस एमपीएसटीएमई शिरपुर परिसर ने संस्थान की अकादमिक उत्कृष्टता, अनुसंधान, नवाचार और वैश्विक सहयोग के प्रति प्रतिबद्धता को रेखांकित करते हुए पुस्तकालयों को ज्ञान-सृजन केंद्र तथा शिक्षा एवं अनुसंधान के रणनीतिक सहयोगी के रूप में वर्णित किया।
ILSKCOM–2026 के सफल आयोजन में श्री अमरीशभाई पटेल, अध्यक्ष, श्री विले पार्ले केलवाणी मंडल एवं कुलाधिपति, एसवीकेएम एनएमआईएमएस डीम्ड-टू-बी यूनिवर्सिटी तथा श्री भूपेशभाई पटेल, संयुक्त अध्यक्ष, श्री विले पार्ले केलवाणी मंडल के मार्गदर्शन एवं प्रोत्साहन की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
संस्थान ने डॉ. रविंद्र मेंढे, उप-पुस्तकालयाध्यक्ष एवं संगोष्ठी समन्वयक, संकाय सदस्यों, कर्मचारियों तथा एनएमआईएमएस शिरपुर परिसर की पुस्तकालय टीम के योगदान की सराहना की। साथ ही श्री शिवाजी गायकवाड़, प्रशासनिक अधिकारी को उनके अमूल्य सहयोग एवं समन्वय के लिए विशेष रूप से धन्यवाद ज्ञापित किया गया।
संगोष्ठी का समापन वैश्विक अकादमिक साझेदारियों को सुदृढ़ बनाने, मुक्त ज्ञान पहलों को प्रोत्साहित करने तथा सतत एवं समावेशी ज्ञान विकास के लिए उभरती प्रौद्योगिकियों के प्रभावी उपयोग के संकल्प के साथ हुआ। इस अवसर पर एनएमआईएमएस शिरपुर परिसर ने अनुसंधान, नवाचार एवं अंतरराष्ट्रीय सहयोग के प्रति अपनी प्रतिबद्धता को पुनः दृढ़ता से व्यक्त किया।

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